शहडोल। जिला मुख्यालय के कोतवाली और सोहागपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी में कथित डिजिटल सट्टे संचालन को लेकर एक व्हाट्सऐप नंबर इन दिनों चर्चा का विषय बना हुआ है। बताया जा रहा है कि नंबर के अंतिम अंक 054 हैं और इसके माध्यम से कथित तौर पर अंकों के खेल से जुड़े लोगों से संपर्क किया जाता है। हालांकि पूरे मामले की वास्तविकता अभी जांच का विषय है।
व्हाट्सऐप के जरिए संपर्क का दावा
स्थानीय लोगों के बीच चर्चा है कि 054 पर समाप्त होने वाले नंबर के माध्यम से कथित रूप से अंक भेजने, दांव लगाने और हिसाब-किताब से जुड़ी गतिविधियां संचालित होती हैं। ऐसे में नंबर की कॉल डिटेल, डिजिटल चैट और उससे जुड़े लेन-देन की जांच किए जाने पर नेटवर्क से जुड़े लोगों की जानकारी सामने आने की संभावना जताई जा रही है।
रोजाना लाखों के लेन-देन की चर्चा
कथित सट्टा नेटवर्क को लेकर यह भी सूत्रों की माने तो इसमें प्रतिदिन लगभग दो से चार लाख रुपये तक का कारोबार होता है। यदि यह अगर जांच में सही पाया जाता है तो मामला बड़े स्तर के डिजिटल लेन-देन से जुड़ा हो सकता है। बैंक खातों, ऑनलाइन भुगतान माध्यमों और मोबाइल नंबरों की जांच इस पूरे मामले में अहम साबित हो सकती है।
सच्चा की भूमिका को लेकर चर्चाएं
सूत्रों की माने तो कथित नेटवर्क के पीछे सच्चा नाम के व्यक्ति की भूमिका होने की स्थानीय स्तर पर चर्चा है। यह भी कहा जा रहा है कि वह घर और आसपास की गतिविधियों पर नजर रखने के लिए सीसीटीवी कैमरों का इस्तेमाल करता है। हालांकि इसकी स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। पुलिस जांच में कैमरों की रिकॉर्डिंग और अन्य डिजिटल उपकरण महत्वपूर्ण साक्ष्य बन सकते हैं।
तकनीकी जांच से खुल सकता है राज
स्थानीय लोगों का कहना है कि मामले की तह तक पहुंचने के लिए पुलिस को संबंधित मोबाइल नंबर और उससे जुड़े डिजिटल माध्यमों की तकनीकी जांच करनी चाहिए। व्हाट्सऐप संपर्क, संदेश, भुगतान और अन्य डिजिटल साक्ष्यों की पड़ताल से कथित नेटवर्क की वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सकती है। लोगों ने मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
(जल्द करेंगे खुलासा आखिर किस पाल का सट्टा किंग करता है बैंक एकाउंट उपयोग)









