March 21, 2026 12:50 pm

ऑटोमोबाइल कारोबारी दंपती को डिजिटल तरीके से किया गिरफ्तार, सीबीआई अधिकारी बनकर 12 घंटे तक बनाया बंधक

ग्वालियर: मध्य प्रदेश में पुलिस प्रशासन की तमाम सख्ती और कार्रवाई के बावजूद साइबर ठगी और डिजिटल धरपकड़ के मामले लगातार बढ़ रहे हैं. इसका ताजा मामला ग्वालियर से सामने आया, जहां साइबर जालसाजों ने एक कारोबारी और उनकी पत्नी को डिजिटल तरीके से 12 घंटे से ज्यादा समय तक बंधक बनाकर उनके ही घर में बंधक बनाए रखा. हालांकि पुलिस की सतर्कता के चलते दंपती ठगी का शिकार होने से बच गए. बताया जा रहा है कि साइबर जालसाजों ने दंपती को सीबीआई अधिकारी बनकर फोन किया. इस दौरान उन्होंने दंपती पर साइबर ठगी और मनी लॉन्ड्रिंग का आरोप लगाया और उनके मोबाइल का इस्तेमाल करने की धमकी दी. डरे हुए दंपती ने जब काफी देर तक अपने परिजनों से बात नहीं की तो घर में मौजूद अन्य लोगों को शक हुआ. समय रहते परिजनों ने इसकी सूचना अपने पारिवारिक पुलिस अधिकारी को दी. पुलिस अधिकारी ने इस संबंध में पुलिस कंट्रोल रूम को सूचना दी. जिसके बाद देर रात पुलिस कारोबारी के घर पहुंची और मामले का खुलासा किया. पुलिस की समय पर कार्रवाई के चलते दंपती ठगी का शिकार होने से बच गए.

मनी लॉन्ड्रिंग के आरोप में की गई छापेमारी

दरअसल ग्वालियर के झांसी रोड थाना क्षेत्र के गंगा अपार्टमेंट में रहने वाली महिला अमरजीत कौर और उनके पति का ऑटोमोबाइल का कारोबार है। डिजिटल अरेस्ट करके उन्हें ठगने की कोशिश की गई है। महिला को पुलिस और सीबीआई के नाम पर अज्ञात नंबरों से कॉल आए और महिला को मनी लॉन्ड्रिंग के नाम पर धमकाया गया। फिर ठगों ने व्हाट्सएप पर वीडियो कॉल करके महिला को अपने जाल में फंसा लिया।

देर रात पुलिस टीम के साथ पहुंचे डीएसपी

दंपति को सुबह साइबर ठगों का कॉल आया, जिसके बाद वे रात 01 बजे तक उनके चंगुल में फंसे रहे। इस दौरान उनके परिचित और रिश्तेदार दंपत्ति को कॉल करते रहे, लेकिन उन्होंने किसी का कॉल रिसीव नहीं किया। जब परिजनों को इस बात का शक हुआ तो उन्होंने पुलिस से संपर्क किया। इसके बाद रात करीब 01 बजे डीएसपी किरण अहिरवार पुलिस बल के साथ कारोबारी के घर पहुंचीं, जब पुलिस टीम ने घर का दरवाजा खटखटाया तो अंदर मौजूद दंपत्ति ने दरवाजा खोलने से इनकार कर दिया। पुलिस की काफी मशक्कत के बाद महिला ने गेट खोला। पुलिस ने दंपती के मोबाइल चेक किए तो पता चला कि शातिर ठगों ने उन्हें डिजिटली गिरफ्तार कर लिया है।

एसपी की अपील

पुलिस की सतर्कता के चलते दंपती ठगी का शिकार होने से बच गए। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक निरंजन शर्मा ने लोगों से अपील की है कि डिजिटल गिरफ्तारी जैसी कोई चीज नहीं होती। अगर कोई आपको ईडी, सीबीआई या किसी अन्य एजेंसी का डर दिखाकर व्हाट्सएप कॉलिंग या चैटिंग के जरिए धमकाता है तो बिल्कुल न डरें। हो सके तो अपने परिजनों और पुलिस को इसकी जानकारी दें। सतर्क रहने से ही आप ठगी का शिकार होने से बच सकते हैं।

Khabar 30 Din
Author: Khabar 30 Din

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