अब्दुल सलाम क़ादरी-प्रधान संपादक
वाड्रफनगर/धनवार। छत्तीसगढ़ और उत्तरप्रदेश की सीमा पर स्थित धनवार आरटीओ चेक पोस्ट इन दिनों गंभीर आरोपों के घेरे में है। स्थानीय लोगों एवं वाहन चालकों का आरोप है कि यह चेक पोस्ट वैधानिक जांच केंद्र कम और अवैध वसूली का अड्डा ज्यादा बन चुका है, जहां प्रतिदिन लाखों रुपये की उगाही की जा रही है।

आरोप है कि चेक पोस्ट पर विभागीय कर्मचारियों के अलावा निजी व्यक्तियों को भी तैनात किया गया है, जो आने-जाने वाले ट्रक, बस और अन्य व्यावसायिक वाहनों को रोककर डराने-धमकाने के माध्यम से रकम वसूलते हैं। वाहन चालकों का कहना है कि कागजात पूरे होने के बावजूद विभिन्न बहानों से परेशान किया जाता है और पैसे देने के बाद ही वाहन को आगे जाने दिया जाता है।
क्षेत्र के लोगों का आरोप है कि यदि इस पूरे मामले में उच्च स्तर पर संरक्षण नहीं होता तो अब तक संबंधित अधिकारियों एवं कर्मचारियों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई हो चुकी होती। लगातार शिकायतों के बावजूद प्रशासनिक स्तर पर कोई ठोस कदम नहीं उठाया जाना कई सवाल खड़े कर रहा है।
सीमा क्षेत्र से गुजरने वाले वाहन मालिकों और चालकों ने राज्य सरकार एवं परिवहन विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों से मामले की निष्पक्ष जांच कराने तथा अवैध वसूली में शामिल लोगों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की मांग की है।
अब देखना यह होगा कि सरकार और परिवहन विभाग इन गंभीर आरोपों पर क्या रुख अपनाते हैं और क्या धनवार आरटीओ चेक पोस्ट पर कथित अवैध वसूली के खेल पर लगाम लग पाती है या नहीं।









